पुणे के केतन अग्रवाल हत्याकांड में मंगेतर सिया और प्रेमी चेतन गिरफ्तार। 33°C में हुडी और 238 घंटे की कॉल रिकॉर्डिंग ने खोला साजिश का राज।
पुणे : महाराष्ट्र के पुणे में 26 वर्षीय बिजनेसमैन केतन अग्रवाल की मौत कोई ट्रेकिंग हादसा नहीं, बल्कि एक सुनियोजित हत्या थी। पुलिस ने इस हाईप्रोफाइल मर्डर केस की गुत्थी सुलझाते हुए केतन की मंगेतर सिया गोयल (20) और उसके प्रेमी चेतन चौधरी (22) को गिरफ्तार कर लिया है। 18 जून को लोहागढ़ किले की गहरी खाई में गिरकर हुई केतन की मौत को आरोपियों ने एक्सीडेंट दिखाने की पूरी कोशिश की थी। लेकिन 33 डिग्री की गर्मी में हुडी पहनना, सांप का झूठा ड्रामा, गायब हुआ पासपोर्ट और 238 घंटे की कॉल रिकॉर्डिंग जैसी 5 बड़ी गलतियों ने इस खौफनाक साजिश का पर्दाफाश कर दिया। बदनामी के डर से सगाई तोड़ने के बजाय मंगेतर ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर केतन को मौत के घाट उतार दिया।
सीसीटीवी फुटेज और 33°C में 'हुडी' का रहस्य
इस मर्डर मिस्ट्री को सुलझाने में लोहागढ़ किले के टिकट काउंटर का सीसीटीवी फुटेज सबसे अहम कड़ी साबित हुआ। 18 जून को घटना वाले दिन वहां का तापमान लगभग 33 डिग्री सेल्सियस था। पुलिस ने फुटेज में देखा कि केतन और सिया के पीछे कुछ दूरी पर एक संदिग्ध युवक चल रहा था, जिसने इतनी भीषण गर्मी में शॉर्ट्स के साथ एक मोटी हुडी पहन रखी थी। चेहरा छिपाने के लिए उसने कैप खींची हुई थी और हेडफोन लगाए था। एक जगह सिया के पीछे मुड़ते ही युवक छिपने लगा। इतनी गर्मी में हुडी पहनने की इस गलती ने पुलिस का शक यकीन में बदल दिया।
बार-बार किले जाने की जिद और 'सांप' का झूठा ड्रामा
केतन के परिवार ने बताया कि फरवरी में सगाई के बाद से सिया लगातार लोहागढ़ जाने का दबाव बना रही थी। 15 दिन के अंदर वह 4 बार वहां जाने की कोशिश कर चुकी थी। 14 जून को भी सिया ने केतन को किले से धकेलने की कोशिश की थी, लेकिन केतन ने झाड़ी पकड़कर अपनी जान बचा ली। तब सिया ने वहां 'सांप' होने और उसे बचाने का झूठा ड्रामा रचा था। इसके अलावा, हत्या को अंजाम देने के लिए सिया ने केतन का पासपोर्ट भी गायब कर दिया था, ताकि उनकी होने वाली 'बाली ट्रिप' रद्द हो जाए और केतन भारत में ही रहे।
बहन की सतर्कता और 238 घंटे की कॉल रिकॉर्डिंग से खुला राज
अंतिम संस्कार के बाद जब केतन की बहन संजना ने सिया से घटना को लेकर सवाल किए, तो वह घबरा गई। उसके विरोधाभासी बयानों से शक होने पर बहन ने पुलिस को अलर्ट किया। डिजिटल जांच और कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स (CDR) खंगालने पर पुलिस को पता चला कि सिया और चेतन पिछले 3 साल से रिश्ते में थे। 6 महीने के भीतर दोनों ने 2,004 बार (करीब 238 घंटे) बात की थी।
हत्या वाले दिन चेतन ने पुलिस को चकमा देने के लिए अपना फोन दुकान पर छोड़ दिया था और इंटरनेट बंद कर कर्मचारी का फोन लेकर किला पहुंचा था। लेकिन पुलिस ने कर्मचारी के फोन की लोकेशन और चेतन की तस्वीरों का मिलान सीसीटीवी वाले 'हुडी' पहने लड़के से कर लिया, जिसके बाद सारा सच सामने आ गया। फिलहाल दोनों आरोपी 29 जून तक पुलिस रिमांड पर हैं।
क्रेडिट: न्यूज़ रिपोर्ट्स


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