फतेहपुर: बारात के स्वागत से पहले दुल्हन के दो सगे भाईयों की भीषण सड़क हादसे में मौत, शादी की खुशियां पलभर में मातम में बदली



फतेहपुर में बारात के दिन दर्दनाक हादसा, दुल्हन के दो सगे भाइयों की ट्रैक्टर पलटने से मौत, शादी की खुशियां मातम में बदली


फतेहपुर की शादी में मातम: खुशियों की जगह पसरा सन्नाटा

उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के सुल्तानपुर घोष थाना क्षेत्र के अफोई ग्राम पंचायत के तकिया गांव में एक परिवार की शादी की तैयारियां उस वक्त मातम में बदल गईं, जब दुल्हन के दो सगे भाईयों उजैर अहमद और फरहाज अहमद की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। घर में बारात के स्वागत की तैयारियां चल रही थीं। रिश्तेदार और मेहमान एकत्र थे। सुबह तक हर तरफ हंसी-ठहाकों की गूंज थी। इसी दौरान उजैर और फरहाज ट्रैक्टर से शादी के लिए जरूरी सामान लाने के लिए मोहम्मदपुर गौती गांव की ओर रवाना हुए। ट्रैक्टर का चालक भी परिवार का ही सदस्य था और वह शादी में शामिल होने आया था। परिवार के इन युवाओं को शायद खुद भी नहीं पता था कि वे आखिरी बार घर से निकल रहे हैं। रास्ते में एक ऐसा हादसा हुआ, जिसने पूरे गांव की खुशियों को गहरे दुख में बदल दिया।

हादसे की पूरी कहानी: कैसे हुआ ये भीषण एक्सीडेंट

शनिवार की सुबह करीब 7 बजे दोनों भाई ट्रैक्टर से घर से निकले। ट्रैक्टर जैसे ही मोहम्मदपुर गौती गांव के पुल के पास पहुंचा, अचानक ट्रैक्टर के इंजन का अगला पहिया पूरी तरह अलग हो गया। संतुलन बिगड़ते ही ट्रैक्टर 15 फीट गहरी खंती में पलट गया। हादसा इतना जबर्दस्त था कि उजैर और फरहाज ट्रैक्टर के नीचे बुरी तरह दब गए। आसपास खेतों में काम कर रहे ग्रामीण दौड़कर मौके पर पहुंचे। सबने मिलकर किसी तरह ट्रैक्टर सीधा किया और दोनों को बाहर निकाला। लेकिन तब तक दोनों की सांसे थम चुकी थीं। हादसे की खबर जैसे ही घर पहुंची, शादी का माहौल पूरी तरह मातम में बदल गया।

मौके पर पहुंची पुलिस, शव भेजे गए पोस्टमार्टम

गांव के लोग और परिवारजन सदमे में थे, किसी को यकीन नहीं हो रहा था कि चंद मिनटों में दो जवान बेटों की लाशें घर लौटेंगी। सूचना पर तुरंत सुल्तानपुर घोष थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। प्रारंभिक जांच में हादसे की वजह ट्रैक्टर के अगला पहिया निकल जाना बताया जा रहा है। पुलिस के मुताबिक हादसा हादसे के दौरान ट्रैक्टर चालक भी मौके पर था, जो दुल्हन का फुफेरा भाई था और शादी में ही शामिल होने आया था। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।

परिवार में मातम का माहौल, पूरे गांव में गम

घर में जहां बारात के स्वागत की तैयारियां थीं, वहीं अब हर तरफ मातम पसरा है। दुल्हन की मां और पिता अपने दोनों बेटों की मौत से बेसुध हो गए हैं। शादी की खुशियों के बीच अचानक आई इस अनहोनी ने पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है। घर के बाहर सुबह तक जहां ढोल-ताशे बज रहे थे, वहां अब सिर्फ रोने-बिलखने की आवाजें आ रही हैं। रिश्तेदारों और पड़ोसियों की भीड़ घर पर जमा हो गई है, हर कोई परिवार को ढांढस बंधा रहा है, लेकिन मां-बाप के आंसू रुकने का नाम नहीं ले रहे।

हादसे के बाद टूट गया परिवार का हौसला

दुल्हन की शादी की तैयारियों में जुटे दोनों भाई उजैर अहमद (22) और फरहाज अहमद (19) परिवार के बेहद प्रिय थे। दोनों ही पढ़ाई के साथ-साथ परिवार की जिम्मेदारियों में हमेशा आगे रहते थे। शादी के दिन उनका इस तरह चले जाना हर किसी को अंदर तक झकझोर गया है। परिवार वालों का कहना है कि दोनों बेटों की मौत ने जिंदगी भर का दर्द दे दिया है। जिस दिन घर में बेटी की डोली उठनी थी, उसी दिन दोनों भाइयों की अर्थी उठ गई। अब शादी की जगह पूरे घर में मातम और सन्नाटा छा गया है।

शादी की खुशियों का मातम में बदलना, दुल्हन की हालत देख हर आंख नम

दुल्हन की हालत देख हर किसी की आंख नम है। जिस घर में बारात के स्वागत के लिए रंगोली, सजावट और पकवान तैयार हो रहे थे, वहां अब मातम पसरा है। दुल्हन अपने भाइयों के अंतिम दर्शन के लिए बेसुध हो गई। परिवार के लोग बार-बार सिर्फ यही कह रहे हैं कि भगवान किसी भी घर में ऐसा काला साया न डाले। गांव के लोग भी इस घटना से हतप्रभ हैं। लोगों का कहना है कि ऐसी घटना किसी के साथ न हो।

गांव और आसपास के इलाकों में छाया गम, हादसे ने जगाई सड़क सुरक्षा की चिंता

इस दर्दनाक हादसे के बाद गांव ही नहीं, आसपास के क्षेत्रों में भी शोक का माहौल है। लोग सड़क हादसों में लगातार हो रही मौतों को लेकर चिंता जता रहे हैं। ट्रैक्टर, जर्जर सड़कें और देखरेख की कमी जैसी समस्याएं अब गंभीर सवाल बनकर सामने हैं। स्थानीय लोग प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सख्त नियम लागू हों और ट्रैक्टरों व अन्य भारी वाहनों की समय-समय पर जांच हो, ताकि ऐसी दुर्घटनाएं भविष्य में न हों।

पुलिस जांच जारी, जिम्मेदारों पर होगी कार्रवाई

सुल्तानपुर घोष थाना पुलिस ने बताया कि ट्रैक्टर के अगला पहिया खुलने की वजह से हादसा हुआ है। हालांकि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि कहीं ट्रैक्टर में कोई तकनीकी गड़बड़ी या लापरवाही तो नहीं थी। पुलिस ने परिजनों से भी बातचीत की है और दुर्घटना से जुड़े सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। यदि किसी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

हादसों से सीख, जागरूकता और सुरक्षा की जरूरत

इस हादसे ने एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क सुरक्षा और भारी वाहनों की देखरेख की अहमियत को उजागर कर दिया है। अक्सर गांवों में शादी या अन्य आयोजनों के दौरान लोग ट्रैक्टर या अन्य भारी वाहनों का उपयोग सामान लाने-ले जाने में करते हैं, लेकिन कई बार इनकी सही जांच और रखरखाव न होने से ऐसे हादसे हो जाते हैं। प्रशासन और ग्रामीणों को मिलकर इस दिशा में कदम उठाने होंगे, ताकि भविष्य में किसी घर की खुशियां इस तरह मातम में न बदल जाएं।

घटना के बाद का माहौल: श्रद्धांजलि और संवेदनाएं

हादसे के बाद गांव में तमाम सामाजिक संगठनों, जनप्रतिनिधियों और नेताओं ने पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त की। लोगों ने मृतकों की आत्मा की शांति और परिवार को यह असहनीय दुख सहने की शक्ति देने की प्रार्थना की। कई जगह कैंडल मार्च और शोक सभा भी आयोजित की गई।

अंतिम संस्कार और भविष्य की चिंता

पोस्टमार्टम के बाद दोनों भाइयों का अंतिम संस्कार गांव में ही पूरे रीति-रिवाज से किया गया। गांव के बुजुर्गों और रिश्तेदारों ने परिजनों को ढांढस बंधाया और आगे की जिम्मेदारियों में साथ देने का भरोसा दिलाया। अब परिवार के सामने बेटी की शादी और पूरे घर को संभालने की चुनौती है।

खुशियों के मौके पर बरपा कहर

फतेहपुर के इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर दिखा दिया कि जिंदगी कितनी अनिश्चित है। बारात के स्वागत की तैयारियों के बीच आई इस अनहोनी ने न केवल एक परिवार बल्कि पूरे गांव को गहरे शोक में डुबो दिया है। उम्मीद है कि ऐसी घटनाओं से सबक लेकर लोग सुरक्षा और सावधानी को सर्वोपरि रखेंगे, ताकि किसी और घर में शादी के मौके पर मातम न पसरे।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ