किसानों कानूनों से जुड़े विवाद को हल करने केलिए बनाई गई तीन सदस्यीय कमेटी आंदोलनकारी संगठनों की राय के बिना ही सुप्रीम कोर्ट में अपनी रिपोर्ट पेश करेगी।